By the end of this chapter you'll be able to…

  • 1कुंडलिया छंद की संरचना (दोहा + रोला) समझना
  • 2कुंडलियों की नीति/सीख को पहचानना
  • 3नीति-परक भाव को अपने शब्दों में समझाना
  • 4नए शब्दों का अर्थ और प्रयोग सीखना
  • 5जीवन की सीख पर छोटा लेखन करना
💡
Why this chapter matters
'गिरिधर कविराय की कुंडलिया' विद्यार्थियों को कुंडलिया छंद का परिचय और नीति-परक जीवन-सीख देती है। यह छंद-बोध, भाव-बोध और मूल्य-शिक्षा को एक साथ विकसित करती है।

Before you start — revise these

A 5-minute refresher here will save you 30 minutes of confusion below.

गिरिधर कविराय की कुंडलिया — कक्षा 7 हिंदी (CBSE)

कक्षा 7 हिंदी मल्हार का छठा पाठ — गिरिधर कविराय की कुंडलियाँ। ये नीति-परक छंद व्यावहारिक जीवन की सीख देते हैं।


1. पाठ का परिचय

  • विधा: कविता (कुंडलिया छंद)।
  • कवि: गिरिधर कविराय (नीति के कवि)।
  • पढ़ते समय ध्यान दें: हर कुंडलिया क्या व्यावहारिक सीख देती है।

2. कुंडलिया छंद क्या है?

कुंडलिया एक छह पंक्तियों का छंद है, जो एक दोहा और एक रोला के मेल से बनता है। इसकी विशेषता यह है कि जिस शब्द से कुंडलिया शुरू होती है, उसी शब्द पर वह समाप्त भी होती है — इस तरह यह कुंडली (घेरे) की तरह जुड़ जाती है, इसी से इसका नाम 'कुंडलिया' पड़ा।

3. सार

इस पाठ में गिरिधर कविराय की कुछ कुंडलियाँ दी गई हैं। ये नीति-परक (व्यावहारिक जीवन-ज्ञान वाली) कविताएँ हैं। कवि सरल और रोचक ढंग से जीवन की सीख देते हैं — जैसे सोच-समझकर काम करना, समय और परिस्थिति को पहचानना, अच्छी संगति रखना और व्यावहारिक बुद्धि से चलना। हर कुंडलिया एक छोटी-सी सीख अपने भीतर समेटे है, जो आज भी हमारे जीवन में काम आती है।

4. शब्द-अर्थ और भाषा अभ्यास

शब्दअर्थ
कुंडलियाछह पंक्तियों का छंद (दोहा + रोला)
नीतिव्यावहारिक जीवन-ज्ञान, सही आचरण
कविरायकवि (आदरसूचक)
संगतिसाथ, संग
विवेकसही-गलत की समझ

अभ्यास:

  1. पाठ से 5 नए शब्द चुनकर अर्थ लिखिए।
  2. कुंडलिया छंद की दो विशेषताएँ लिखिए।
  3. "नीति" से अपना वाक्य बनाइए।

5. लिखित उत्तर का तरीका

  • कुंडलिया का भाव सरल शब्दों में समझाइए।
  • उत्तर पूरे वाक्य में दीजिए।
  • "क्या सीख मिलती है" वाले प्रश्न में सीख स्पष्ट लिखिए।

6. रचनात्मक लेखन

विषय: अपने जीवन की कोई एक नीति-बात (सीख) उदाहरण सहित 4-5 वाक्यों में लिखिए।

7. सामान्य गलतियाँ

  • गलती: कुंडलिया को साधारण कविता समझ लेना। सुधार: यह दोहा + रोला से बना विशेष छंद है, जो उसी शब्द पर समाप्त होता है जिससे आरंभ हुआ।
  • गलती: केवल अर्थ लिखना, सीख न बताना। सुधार: हर कुंडलिया की नीति/सीख अवश्य लिखिए।
  • गलती: एक शब्द में उत्तर देना। सुधार: पूरे वाक्य में उत्तर लिखिए।

8. प्रश्न-उत्तर (अभ्यास)

  1. इन कुंडलियों के रचयिता कौन हैं?
  2. कुंडलिया छंद किन दो छंदों से मिलकर बनता है?
  3. कुंडलिया का यह नाम क्यों पड़ा?
  4. गिरिधर की कुंडलियाँ किस प्रकार की हैं?
  5. "नीति" का अर्थ लिखिए।

9. उत्तर-कुंजी

  1. गिरिधर कविराय
  2. दोहा और रोला से।
  3. क्योंकि यह उसी शब्द पर समाप्त होती है जिससे आरंभ होती है, इस तरह कुंडली (घेरे) की तरह जुड़ जाती है।
  4. नीति-परक — व्यावहारिक जीवन-ज्ञान देने वाली।
  5. नीति का अर्थ है व्यावहारिक जीवन-ज्ञान या सही आचरण।

10. तेज़ दोहराव

  • विधा: कविता (कुंडलिया छंद); कवि: गिरिधर कविराय।
  • कुंडलिया = दोहा + रोला, छह पंक्तियाँ; जिस शब्द से आरंभ, उसी पर अंत।
  • ये नीति-परक कविताएँ हैं।
  • हर कुंडलिया एक व्यावहारिक सीख देती है।
  • उत्तर में सीख स्पष्ट लिखिए।

Key formulas & results

Everything you need to memorise, in one card. Screenshot this for revision.

विधा
कविता (कुंडलिया छंद)
गिरिधर कविराय की नीति-कुंडलियाँ।
कुंडलिया छंद
दोहा + रोला = छह पंक्तियाँ
जिस शब्द से आरंभ, उसी पर समाप्त।
मुख्य भाव
नीति-परक जीवन-सीख
व्यावहारिक बुद्धि और अच्छे आचरण की प्रेरणा।
⚠️

Common mistakes & fixes

These are the exact errors that cost students marks in board exams. Read them once, save yourself the trouble.

WATCH OUT
कुंडलिया को साधारण कविता समझ लेना
यह दोहा + रोला से बना विशेष छंद है, जो उसी शब्द पर समाप्त होता है जिससे आरंभ हुआ।
WATCH OUT
केवल अर्थ लिखना, सीख न बताना
हर कुंडलिया की नीति/सीख अवश्य लिखिए।
WATCH OUT
एक शब्द में उत्तर देना
पूरे वाक्य में उत्तर लिखिए।

Practice problems

Try each one yourself before tapping "Show solution". Active recall > rereading.

Q1EASY· बोध
इन कुंडलियों के रचयिता कौन हैं?
Show solution
गिरिधर कविराय।
Q2MEDIUM· छंद
कुंडलिया छंद किन दो छंदों से मिलकर बनता है?
Show solution
कुंडलिया छंद एक दोहा और एक रोला के मेल से बनता है (कुल छह पंक्तियाँ)।
Q3HARD· छंद
कुंडलिया छंद का यह नाम क्यों पड़ा?
Show solution
क्योंकि यह उसी शब्द पर समाप्त होता है जिससे आरंभ होता है, इस प्रकार यह कुंडली (घेरे) की तरह जुड़ जाता है।
Q4MEDIUM· भाव
गिरिधर की कुंडलियाँ किस प्रकार की हैं?
Show solution
ये नीति-परक कविताएँ हैं, जो व्यावहारिक जीवन-ज्ञान और अच्छे आचरण की सीख देती हैं।
Q5EASY· शब्द
'नीति' का अर्थ लिखिए।
Show solution
व्यावहारिक जीवन-ज्ञान या सही आचरण।
Q6MEDIUM· लेखन
अपने जीवन की कोई एक नीति-बात उदाहरण सहित लिखिए।
Show solution
किसी व्यावहारिक सीख और उससे जुड़े अनुभव को 4-5 वाक्यों में लिखिए।

5-minute revision

The whole chapter, distilled. Read this the night before the exam.

  • 'गिरिधर कविराय की कुंडलिया' मल्हार का छठा पाठ है।
  • कवि: गिरिधर कविराय (नीति के कवि)।
  • कुंडलिया = दोहा + रोला, छह पंक्तियाँ।
  • जिस शब्द से आरंभ, उसी पर समाप्त — इसी से नाम 'कुंडलिया'।
  • ये नीति-परक कविताएँ हैं, हर एक एक सीख देती है।
  • उत्तर में सीख स्पष्ट लिखिए।

CBSE marks blueprint

Where the marks come from in this chapter — so you can plan your prep.

Typical chapter weightage: विद्यालय परीक्षा, नोटबुक और लेखन में 4-6 अंक

Question typeMarks eachTypical countWhat it tests
अति लघु12-3कवि, छंद या शब्द-अर्थ
लघु उत्तर2-32छंद-परिचय और भाव/सीख
लेखन30-1नीति-बात पर अनुच्छेद
Prep strategy
  • कुंडलिया छंद की संरचना और विशेषता याद कीजिए
  • हर कुंडलिया की सीख अपने शब्दों में लिखिए
  • नए शब्दों के अर्थ याद कीजिए
  • एक नीति-बात पर अनुच्छेद लिखिए

Where this shows up in the real world

This chapter isn't just an exam topic — it lives in the world around you.

जीवन-मूल्य

नीति-कुंडलियाँ व्यावहारिक समझ और अच्छे आचरण की प्रेरणा देती हैं।

छंद-ज्ञान

कुंडलिया जैसे छंद की पहचान और सराहना विकसित होती है।

भाषा-कौशल

भाव-व्याख्या और लेखन का अभ्यास होता है।

Exam strategy

Battle-tested tips from teachers and toppers for this chapter.

  1. कुंडलिया छंद की संरचना स्पष्ट लिखिए
  2. हर कुंडलिया की सीख बताइए
  3. उत्तर पूरे वाक्यों में दीजिए
  4. शब्द-अर्थ सही लिखिए

Going beyond the textbook

For olympiad aspirants and curious learners — topics that build on this chapter.

  • दोहा और रोला में एक अंतर लिखिए।
  • किसी प्रसिद्ध नीति-दोहे का भाव अपने शब्दों में लिखिए।

Where else this chapter is tested

CBSE board isn't the only one — other exams test this chapter too.

CBSE कक्षा 7 विद्यालय मूल्यांकनHigh
कक्षा 7 हिंदी ओलंपियाड अभ्यासMedium
नोटबुक और लेखन मूल्यांकनHigh

Questions students ask

The real ones — pulled from the Q&A community and tutor sessions.

यह दोहा और रोला से बना छह पंक्तियों का छंद है, और जिस शब्द से आरंभ होता है उसी शब्द पर समाप्त भी होता है।

वे सरल और रोचक ढंग से व्यावहारिक जीवन की नीति और अच्छे आचरण की सीख देती हैं।
Verified by the tuition.in editorial team
Last reviewed on 2 June 2026. Written and reviewed by subject-matter experts — read about our process.
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